शरीर की चर्बी (बॉडी फैट) कम करने वाले 10 खाद्य पदार्थ – 10 Fat-Burning Super Foods in Hindi

यदि आप अपने शरीर की चर्बी को कम करना चाहते हैं या वर्तमान शरीर के वजन को मेन्टेन करना चाहते हैं, तो आपको शुरुआत अपनी डाइट पर ध्यान देकर करना चाहिए। अपने खानपान में बदलाव लाना काफी मुश्किल और निराशाजनक हो सकता है, इसलिए एक हेल्थी डाइट की शुरुआत करने के लिए आप अपने भोजन में कुछ फैट को जलाने वाले खाद्य पदार्थों को शामिल करें।

ऐसे कई खाद्य पदार्थ हैं जो वास्तव में कैलोरीज जलाने में मदद करते हैं और शरीर की चर्बी कम करने में सहायक होते हैं। यह आपके शरीर के मेटाबोलिज्म रेट को बढ़ाते हैं, पेट को भरा हुआ महसूस कराते हैं, शरीर के तापमान को बढ़ाते हैं और वजन कम करने में मदद करने वाले पोषक पदार्थों को प्रदान करते हैं।

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नियमित व्यायाम करने के साथ-साथ अपने भोजन में इन खाद्य पदार्थों को शामिल करने से आपके फिटनेस गोल्स पूरे करने में आसानी होगी।

यहाँ पर शरीर की चर्बी को कम करने वाले 10 सबसे कारगर खाद्य पदार्थ दिए जा रहे हैं

1. चकोतरा (Grapefruit)

शरीर की चर्बी कम करने में और कैलोरी जलाने में चकोतरा को सबसे कारगर खाद्य पदार्थ माना जाता है। यहाँ तक कि इसे “नेगेटिव कैलोरी” फूड के नाम से भी जाना जाता है। मतलब यह जितनी कैलोरी आपके शरीर को प्रदान करेगा उससे ज्यादा कैलोरी इसे पचाने में लगती हैं।

2006 में जर्नल ऑफ़ मेडिसिनल फूड्स में पब्लिश हुई एक स्टडी ने शरीर की चर्बी कम करने और इन्सुलिन रेसिस्टेंस में चकोतरा के होने वाले फायदे पेश किये। इस स्टडी में यह पाया गया कि रोज खाने से पहले सिर्फ आधा चकोतरा खाने से वजन काफी कम होता है।

2010 में अमेरिकन जर्नल ऑफ़ फिजियोलॉजी में पब्लिश हुई एक और स्टडी के अनुसार चकोतरा में nootkatone नामक एक घटक पाया जाता है जो शरीर में एनर्जी मेटाबोलिज्म को बढ़ाता है और AMP-activated protein kinase (AMPK) एंजाइम को एक्टिवेट करके खानपान के कारण होने वाले मोटापे को रोकता है। साथ ही, यह एंजाइम शरीर को शुगर उपयोग करने में मदद करता है जिससे मेटाबोलिज्म बढ़ता है और वजन कम करने में मदद मिलती है।

यदि आप अपने शरीर की चर्बी को तेजी से जलाना चाहते हैं तो नियमित रूप से चकोतरा का सेवन करें। चकोतरा में जितना ज्यादा पल्प होगा, वह उतना ही ज्यादा फायदेमंद होगा।

2. ग्रीन टी

ग्रीन टी फैट बर्न करने वाली सबसे लाभकारी पेय पदार्थों में से एक है। ग्रीन टी गर्म हो या ठंडी, यह दोनों अवस्था में फायदेमंद होती है। इसमें EGCG नामक एंटीऑक्सीडेंट पाया जाता है जो दिनभर शरीर में कैलोरीज बर्न करने का काम करता है और मेटाबोलिज्म रेट को हाई रखता है।

2007 में जर्नल ऑफ़ अमेरिकन कॉलेज ऑफ़ न्यूट्रीशन ने एक स्टडी के द्वारा यह पता लगाया कि अकेले EGCG में फैट ऑक्सीडेशन बढ़ाने की क्षमता होती है और इसीलिए ग्रीन टी मोटापा कम करने में मदद करती है।

2008 में अमेरिकन जर्नल ऑफ़ क्लिनिकल न्यूट्रीशन में पब्लिश हुई एक और स्टडी के अनुसार ग्रीन टी एक्सरसाइज के दौरान फैट बर्निंग प्रोसेस को तेज करती है।

ग्रीन टी में मौजूद कैफीन कंटेंट भी मेटाबोलिज्म को बढ़ाता है और आपकी एनर्जी को बूस्ट करता है। यह भूख को भी कम करता है जिससे आप अधिक खाना खाने से बचते हैं। लेकिन कैफीन का अत्यधिक सेवन न करें, क्योंकि इससे हार्ट रेट बढ़ता है और दिल की बीमारी होने की संभावना बढ़ जाती है।

रोज दो से तीन कप ग्रीन टी का सेवन करें।

3. लाल मिर्च

लाल मिर्च का सेवन करने से भी मेटाबोलिज्म बढ़ता है जिससे फैट को तेजी से जलाने में मदद मिलती है। लाल मिर्च में capsaicin नामक कंपाउंड होता है जो शरीर के तापमान को बढ़ाता है। इसके फलस्वरूप कैलोरीज को जलाने में मदद मिलती है।

2003 में ब्रिटिश जर्नल ऑफ़ न्यूट्रीशन में हुए एक शोध में यह पाया गया कि capsaicin वेट मेंटेनेंस के दौरान शरीर में फैट ऑक्सीडेशन को निरंतर कर देता है। इससे यह साबित होता है कि capsaicin फैट बर्निंग प्रोसेस में मदद करता है।

साथ ही, capsaicin शरीर में AMP-activated protein kinase (AMPK) और adrenal medulla में catecholamine के स्त्राव को बढ़ाता है जिससे फैट को बर्न करने की प्रोसेस में और ज्यादा मदद मिलती है।

आप लाल मिर्च को ताजा, कच्चा, पकाकर, सूखा और पाउडर अवस्था में अपनी पसंदीदा डिश में मिलाकर सेवन कर सकते हैं। आप इसे कुछ पेय पदार्थों जैसे लस्सी आदि में डालकर भी सेवन कर सकते हैं। सिर्फ एक लाल मिर्च के सेवन से आपके शरीर के मेटाबोलिज्म का 25% तक बढ़ सकता है और यह खाने के लगभग 3 घंटे तक असरदार होता है।

4. अदरक

अदरक भी मोटापा कम करने में काफी लोकप्रिय खाद्य पदार्थ है, जिसे आपको अपनी डाइट में शामिल करना चाहिए।

अदरक रक्त नलिकाओं को चौड़ा करने में मदद करता है जिससे शरीर में रक्त संचार बढ़ता है। रक्त संचार बढ़ने से शरीर का तापमान बढ़ता है जिसे थर्मोजेनिक प्रभाव कहा जाता है। इसके फलस्वरूप मेटाबोलिज्म बढ़ता है और ज्यादा कैलोरीज जलाने में मदद मिलती है।

साथ ही, अदरक मेटाबोलिज्म बढ़ाने के साथ-साथ आपके भूख लगने के अनुभव को कम करता है जिससे आप अधिक खाने से बच जाते हैं।

2012 में मेटाबोलिज्म के ऊपर प्रकाशित हुई एक मेडिकल रिपोर्ट में अदरक के भूख कम करने वाले और मेटाबोलिज्म बढ़ाने वाले गुणों को दर्शाया गया। इससे यह शाबित हो गया कि अदरक मोटापा कम करने में लाभकारी होता है।

अदरक में एंटीइन्फ्लामेट्री प्रॉपर्टीज भी होती हैं और यह कोलेस्ट्रॉल कम करने में भी मदद करता है

रोज दो से तीन कप अदरक की चाय का सेवन करें। साथ ही, अपने भोजन में भी ताजा या सूखे अदरक को शामिल करें।

5. ब्लू बैरीज़

ब्लू बेरीज में resveratrol नामक एंटीऑक्सीडेंट भरपूर मात्रा में पाया जाता है। Resveratrol में अत्यधिक मात्रा में पॉलीफेनोल कंपाउंड होता है जो शरीर में फ्री रेडिकल्स को कम करता है और मोटापा को रोकता है।

2009 में यूनिवर्सिटी ऑफ़ मिशिगन कार्डियोवैस्कुलर सेंटर में हुए एक शोध के अनुसार ब्लू बेरीज शरीर की चर्बी को कम करने में काफी लाभकारी होती है। ब्लू बेरीज में मौजूद पॉलीफेनोल्स शरीर की चर्बी को जलाते हैं और मेटाबोलिक सिंड्रोम होने की संभावना को कम करते हैं।

2015 में इंटरनेशनल जर्नल ऑफ़ ओबेसिटी में पब्लिश हुई एक स्टडी में यह पाया गया कि resveratrol शरीर में मौजूद अतिरिक्त वाइट फैट को कैलोरी-बर्निंग “beige” में बदलता है।

साथ ही, ब्लू बेरीज में हाई वाटर और फाइबर कंटेंट होने के कारण पेट भरा हुआ महसूस होता है। इससे आपको बार-बार भूख नहीं लगती और आप अनहेल्थी जंक फूड्स का सेवन नहीं करते।

रोज एक कप ब्लू बेरीज का सेवन करें। आप इन्हें दिनभर स्नैक्स के रूप में खा कर सकते हैं या भोजन के साथ सलाद के रूप में भी सेवन कर सकते हैं। या फिर, इन्हें सूप, स्मूथी या दही में मिलाकर भी सेवन किया जा सकता है।

6. स्पिरुलिना (Spirulina)

स्पिरुलिना एक माइक्रो-एलगी सुपरफ़ूड होता है जो बॉडी फैट को आसानी से जलाने में मदद करता है।

इसमें अत्यधिक प्रोटीन और आठ एसेंशियल एमिनो एसिड्स पाए जाते हैं जो मांसपेशियों को दुबला करने में मदद करते हैं और शरीर को दिनभर फैट और कैलोरी जलाने में मदद करते हैं। यदि इसे वर्कआउट के दौरान लिया जाए तो यह स्टैमिना बढ़ाने में भी मदद करता है।

इसमें कैलोरी कम होती हैं और यह वजन कंट्रोल करने के लिए भूख को भी कम कर सकता है।

2010 में मेडिसिन एंड साइंस इन स्पोर्ट्स एंड एक्सरसाइज ने स्पिरुलिना पर एक शोध किया। इसमें सब्जेक्ट्स को थका देने वाली एक्सरसाइज के बाद स्पिरुलिना के सप्लीमेंट्स दिए गए। इस शोध में यह पाया गया कि स्पिरुलिना के सप्लीमेंटेशन से शरीर के एक्सरसाइज परफॉरमेंस, फैट ऑक्सीडेशन और GSH कंसंट्रेशन को काफी बढ़ाता मिलता है।

साथ ही, इस सुपर फूड में भरपूर प्राकृतिक पोषक पदार्थ होते हैं जो रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाते हैं, कैंसर से लड़ते हैं, शरीर के विषाक्त पदार्थों को बाहर निकालते हैं और इन्फ्लामेशन को कम करते हैं।

स्पिरुलिना किसी भी फूड स्टोर पर ग्रीन पाउडर के रूप में आसानी से उपलब्ध होता है। इस पाउडर की एक या डेढ़ चम्मच मात्रा को अपने जूस या स्मूथी में घोलकर सेवन करें।

नोट: हाइपरटेंशन (उच्च रक्तचाप), पथरी और संधिवात के पीड़ित व्यक्ति स्पिरुलिना का सेवन न करें।

7. हरा सेबफल

हरे सेबफल में हाई घुलनशील फाइबर, विटामिन सी और एंटीऑक्सीडेंट कंटेंट होता है इसलिए इसे शरीर की चर्बी जलाने में काफी लाभकारी खाद्य पदार्थ माना जाता है।

शरीर की चर्बी कम करने लिए हरे सेबफल में मौजूद पेक्टिन नामक घुलनशील फाइबर सबसे ज्यादा फायदेमंद होता है। क्योंकि यह धीरे-धीरे पचता है, पेट को भरा हुआ रखता है और सेल्स की फैट सोखने की क्षमता को कम करता है।

साथ ही हरे सेबफल में अत्यधिक मात्रा में पॉलीफेनोल कंपाउंड्स पाए जाते हैं जो फैट के प्रबंधन में मदद करते हैं। इसके अलावा, यह मेटाबोलिज्म को भी बढ़ाते हैं।

रोज कम से कम एक हरे सेबफल को अच्छे से धोकर सेवन करें। यदि आपके पास हरे सेबफल उपलब्ध नहीं हैं तो आप लाल सेबफल का भी सेवन कर सकते हैं। लाल सेबफल भी मेटाबोलिज्म को बढ़ाते हैं और पेट को भरा हुआ महसूस कराते हैं।

8. ब्रोकोली (Broccoli)

ब्रोकोली उन कुछ दुर्लभ सब्जिओं में से एक है जो शरीर में फैट-बर्निंग प्रोसेस में मदद करती हैं।

यह फाइटोकेमिकल्स से भरपूर होती है जो सेल्स में फैट के ब्रेकडाउन को तेज करते हैं, जिससे शरीर फैट को स्टोर करने के बजाये जलाने लगता है।

साथ ही, इसमें भरपूर मात्रा में विटामिन्स C, A, B6 और B12, मैग्नीशियम, फोलेट और डाइटरी फाइबर होते हैं जो फैट को जलाने में मदद करते हैं। ब्रोकोली इन्फ्लामेशन से लड़ने में भी मदद करती है। शरीर में वेट लोस रेसिस्टेंस को बढ़ाने में इन्फ्लामेशन भी एक कारण होता है।

हफ्ते में 4 से 5 बार अपनी रेगुलर डाइट में एक से डेढ़ कप ब्रोकोली को शामिल करें।

9. लाल अंगूर

रोज लाल अंगूर का सेवन करने से शरीर में फैट बर्निंग प्रोसेस तेज होती है। लाल अंगूर के छिलकों में काफी अच्छी मात्रा में रेसवेरट्रोल (resveratrol) एंटीऑक्सीडेंट पाया जाता है जो शरीर के कई जरूरी फंक्शन्स जैसे एजिंग, डीएनए रिपेयर और फैट प्रोडक्शन को कंट्रोल करने वाले एंजाइम्स को उत्तेजित करता है। यहाँ तक कि यह आपकी मांसपेशियों जल्दी न थकने की योग्यता को भी बढ़ाती हैं।

2014 में इंटरनेशनल जर्नल ऑफ़ स्पोर्ट्स न्यूट्रीशन एंड एक्सरसाइज मेटाबोलिज्म ने रेसवेरट्रोल सप्लीमेंट का मांसपेशियों के मेटाबोलिज्म पर होने वाले प्रभावों पर शोध किया। शोधकर्ताओं ने यह पाया कि रेसवेरट्रोल मांशपेशियों में उर्जा की खपत को नियमित करता है जिससे एक्सरसाइज के दौरान मांसपेशियां जल्दी नहीं थकतीं।

साथ ही, लाल अंगूरों में भरपूर मात्रा में एललगिक एसिड (ellagic acid) पाई जाती है जो फैटी एसिड्स के मेटाबोलिज्म को बढ़ाती है और नए फैट सेल्स को बनने से रोकती है। इसमें फाइबर भी होता है जो भूख को कम करने में मदद करता है।

लाल अंगूरों का एक और फायदा यह है कि इनमें कैलोरीज की मात्रा जरूरत अनुसार होती है, इसलिए यह शरीर की चर्बी कम करने के लिए सबसे अच्छी डाइट में से एक हैं।

रोज एक कप ताजा लाल अंगूरों का सेवन करें। आप इन्हें जूस, सलाद या स्मूथी के रूप में सेवन कर सकते हैं।

10. अल्फाल्फा (Alfalfa)

अल्फाल्फा या अल्फला को भी शरीर की चर्बी जलाने में काफी लाभकारी माना जाता है। इस हर्ब में sympathomimetics और xanthine नामक कंपाउंड्स पाए जाते हैं जो शरीर के बुनियादी मेटाबोलिक रेट को बढ़ाते हैं। इसके फलस्वरूप, शरीर की चर्बी और कैलोरी को जलाने की प्रक्रिया तेज होती है।

यह अत्यधिक लो ग्लाइसेमिक फ़ूड होता है, इसलिए इसका सेवन करने से शरीर में शुगर की मात्रा नहीं बढ़ती। शुगर की मात्रा बढ़ने से इन्सुलिन हॉर्मोन रिलीज़ होता है जो फैट स्टोरेज को बढ़ाता है।

साथ ही, यह प्राकृतिक मूत्रवर्धक (natural diuretic) की तरह काम करता है जिससे शरीर के विषाक्त पदार्थ आसानी से बाहर निकलते हैं और शरीर में अतिरिक्त पानी कम होता है।

इस सुपरफूड में डाइटरी फाइबर भी भरपूर पाया जाता है जो पेट को लंबे समय तक भरा हुआ महसूस कराता है।

आप अल्फाल्फा की पत्तियों को अपनी सैंडविच में लगाकर, पुंगी बनाकर या सूप में मिलाकर सेवन कर सकते हैं।

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